प्यार में जुनूनी पहलवान ने खून से लाल कर दी अखाड़े की मिट्टी, पांच को उतारा मौत के घाट

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Maurya News18

Crime Desk

12 फरवरी को हरियाणा से एक ऐसी खबर आई जिसने पुलिस के साथ ही वहां के लोगों को भी सन्न कर दिया। सुबह के समय रोहतक के जाट कॉलेज के अखाड़े में सबकुछ सामान्य था लेकिन देर शाम होते ही अखाड़े की मिट्टी खून से लाल हो गई। कोई कुछ समझ पाता उसके पहले ही एक सिरफिरे पहलवान ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर पांच लोगों को मौत के घाट उतार दिया। इस वारदात में दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं।

हत्याकांड को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार होने में कामयाब रहा। हालांकि पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए ताबड़तोड़ छापेमारी कर रही है। हत्यारे को पकड़ने के लिए पुलिस की कई टीमें बनाई गई हैं। हर एंगल से मामले की जांच की जा रही है।

महिला पहलवान की शिकायत से खफा था सुखविंदर

कहा जा रहा है कि अखाड़े में कोच का काम करनेवाले सुखविंदर को एक महिला पहलवान से प्यार हो गया था। वह उससे शादी करना चाहता था लेकिन महिला पहलवान और उसके घरवालों को ये रिश्ता मंजूर नहीं था। यूपी के मथुरा की रहने वाली महिला पहलवान पूजा तोमर ने हेड कोच मनोज से सुखविंदर की शिकायत की थी। पूजा और उसके परिजनों ने कहा था कि सुखविंदर, पूजा को परेशान कर रहा है और शादी के लिए दबाव बना रहा है। इस शिकायत के बाद मनोज ने सुखविंदर को काम पर आने से मना कर दिया था। इसके बाद ही सुखविंदर ने खफा होकर इस वारदात को अंजाम दिया।

वारदात में महिला पहलवान भी मारी गई

जाट कॉलेज अखाड़े के कोच मनोज मलिक, रेलवे में काम करने वाली उनकी पत्नी साक्षी मलिक, कोच प्रदीप, कोच सतीश और महिला पहलवान पूजा की हत्या की गई है। वारदात में कोच अमरजीत के सथा ही मनोज और साक्षी के तीन साल के बेटे सरताज को भी गोली लगी है। अस्पताल में दोनों का इलाज चल रहा है जहां उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है।

पुलिस की मानें तो 12 फरवरी की रात करीब सवा आठ बजे सुखविंदर ने इस हत्याकांड को अंजाम दिया। सुखविंदर ने अंधाधुंध फायरिंग की जिसमें मनोज, साक्षी, पूजा, प्रदीप और सतीश को गोलियां लगीं। वहां अभ्यास कर रहे कुछ खिलाड़ियों ने गोलियों की आवाजें सुनीं और मौके पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस को खबर दी गई।

हेड कोच को लेकर भी चल रही थी लड़ाई

हरियाणा पुलिस ने बताया कि जांच में पता चला है कि मनोज और सुखविंदर के बीच पुरानी रंजिश भी थी। मनोज अखाड़े के हेड कोच थे और सुखविंदर खुद हेड कोच बनना चाहता था। खिलाड़ियों के चयन को लेकर भी दोनों के बीच कुछ विवाद था।

इस पूरे मामले में रोहतक के पुलिस अधीक्षक राहुल शर्मा ने कहा कि पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है। पता लगाया जा रहा है कि सुखविंदर अकेला था या उसके साथ कोई और भी था ? सुखविंदर ने किस हथियार का इस्तेमाल किया और ये उसे कहां से मिला ?